बस भुले ना ये जहां,
कुछ ऐसा कर जाना है …
देखे हुये ख्वाबो को,
एक बार फिर जगाणा है…
आंसू ना आये किसीके पलक पे कभी,
सुकून दिलो मे उतना सजाना है!
फासले ना रहे किसीके मंजिल तक कभी,
कुछ राहे ऐसी बनाना है
आहट ना हो किसीको गम की कभी
आशियाना ऐसा सवारणा है
बस भुले ना ये जहां,
कुछ ऐसा कर जाना है …
देखे हुये ख्वाबो को,
एक बार फिर जगाणा है…
कुछ ऐसा कर जाना है …
देखे हुये ख्वाबो को,
एक बार फिर जगाणा है…
आंसू ना आये किसीके पलक पे कभी,
सुकून दिलो मे उतना सजाना है!
फासले ना रहे किसीके मंजिल तक कभी,
कुछ राहे ऐसी बनाना है
आहट ना हो किसीको गम की कभी
आशियाना ऐसा सवारणा है
बस भुले ना ये जहां,
कुछ ऐसा कर जाना है …
देखे हुये ख्वाबो को,
एक बार फिर जगाणा है…
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